हरियाणा भावांतर भरपाई योजना 2021: ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन, पंजीकरण | Haryana Bhavantar Bharpayi Yojana

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Haryana Bhavantar Bharpayi Yojana – हरियाणा सरकार ने किसानों के हित के लिए एक बार फिर से नयी योजना शुरू की है, योजना का नाम भावांतर भरपाई योजना है। योजना का उदेश्य है की किसानो को अपनी फसलों का सही और उचित मूल्य प्राप्त हो। हरियाणा राज्य खेती के लिए प्रसीद राज्य है अगर राज्य के किसान भाई खुश करेंगे तभी हमारा देश प्रगति करेगा। इस योजना को जनवरी 2018 को हरियाणा सरकार द्वारा किसानों को लाभान्वित करने के लिए शुरू किया था |

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Haryana Bhavantar Bharpayi Yojana

Haryana Bhavantar Bharpayi Yojana

इस योजना के तहत किसान को बागवानी उत्पादकों के लिए मण्डी में उनके उत्पादक के कम दाम मिलने पर राज्य सरकार या तो मुआवजा या फिर कीमत घाटे की भरपाई प्रदान करेगी। यह योजना किसानों को उनकी फसलों की विविधता में सहायता करने के साथ-साथ निश्चित न्यूनतम समर्थन मूल्य सुनिश्चित करके उनके घाटे को कम करने में मदद करेगी। प्रोत्साहन राशि प्राप्त करने के लिए, योजना के लिए किसानों को ऑनलाइन पंजीकरण करना होगा। किसानों को फॉर्म में अपनी फसलें बेचनी होती हैं और फिर इसे मेरी फसल मेरा ब्यौरा पोर्टल पर अपलोड करना होता है। इसके बाद, राज्य सरकार किसानों के आधार लिंक किए गए बैंक खाते में 15 दिनों के भीतर मुआवजा राशि भेजी जाएगी।

Haryana Ration Card Application Form PDF Download

 

Haryana Bhavantar Bharpayi Yojana के जरुरी दस्तावेज

  • आवेदनकर्ता के पास आधार कार्ड होना अनिवार्य है।
  • आवेदनकर्ता का वोटर कार्ड बना होना चाहिए।
  • आधार कार्ड से लिंक बैंक में खाता होना चाहिए।

Haryana Bhavantar Bharpayi Yojana का उदेश्य

  • भावांतर भरपाई योजना हरियाणा के तहत टमाटर, आलू, प्याज और फूलगोभी का न्यूनतम समर्थन मूल्य तय किया जायेगा ।
  • उपर्युक्त फसलों के लिए 48,000 से 56,000 रुपये प्रति एकड़ की निश्चित आय सुनिश्चित करना।
  • सरकार उन सभी किसानों को मुआवजा प्रदान करेगी जो BBY पोर्टल पर ekharid.in पर पंजीकृत किये होंगे।
  • उन सभी किसानों को वित्तीय सहायता प्रदान करना जिन्होंने अपनी वास्तविक खेती / उत्पादन मूल्य से कम मूल्य पर निर्धारित अवधि में अपनी फसल / सब्जी बेची है।

Haryana Bhavantar Bharpayi Yojana के लिए पंजीकरण कब करें?

भावांतर भरपाई योजना के पहले चरण में ये 4 फसलें हैं- टमाटर, आलू, प्याज और फूलगोभी। अब भावांतर भरपाई योजना में 6 और फसलों गाजर, मटर, किन्नू, अमरूद, शिमला मिर्च और बैंगन को जोड़ा गया है।

 

क्रमांक फसल का नाम पंजीकरण अवधि सत्यापन अवधि सत्यापन इत्यादि के विरुद्ध अपील अवधि बिक्री अवधि
    आरंभ तिथि समापन तिथि तक तक दौरान
1. आलू 15 सितंबर 31 अक्तूबर 30 नवम्बर 15 दिसम्बर 1 दिसम्बर – 31 मार्च
2. प्याज 15 दिसम्बर 15 फरवरी 15 मार्च 25 मार्च 1 अप्रैल – 31 मई
3. टमाटर 15 दिसम्बर 15 फरवरी 15 मार्च 25 मार्च 1 अप्रैल- 15 जून
4. फूलगोभी 15 सितंबर 31 अक्तूबर 30 नवम्बर 15 दिसम्बर 1 दिसम्बर – 31 मार्च
5. किन्नू 1 सितंबर 30 नवम्बर 15 दिसम्बर 31 दिसम्बर 1 दिसम्बर – 28 फरवरी
6. गाजर 1 अक्तूबर 30 नवम्बर 15 दिसम्बर 31 दिसम्बर 1 दिसम्बर – 28 फरवरी
7. मटर 1 अक्तूबर 30 नवम्बर 15 दिसम्बर 31 दिसम्बर 1 दिसम्बर – 28 फरवरी

Haryana Bhavantar Bharpayi Yojana (फसलें, MSP और उत्पादन)

फसल का नाम समर्थन मूल्य रुपये प्रति क्विंटल में) अनुसूचित उत्पादन (क्विंटल / एकड़)
आलू 500 120
प्याज 600 100
टमाटर 500 140
फूलगोभी 600 100
किन्नू 1100 104
गाजर 700 100
मटर 1100 50

Haryana Bhavantar Bharpayi Yojana के लिए आवेदन प्रक्रिया 

  • इस योजना के तहत लाभ लेने के लिए किसान को बिजाई अवधि के दौरान मार्केटिंग बोर्ड की वेबसाईट पर बागवानी भावान्तर (BBY) ई-पोर्टल के माध्यम से पंजीकरण करवाना अनिवार्य।
  • यदि कोई किसान प्रमाणित क्षेत्र से असंतुष्ट है, तो अपील दायर करने का प्रावधान है।
  • उत्पादकों / विनिर्माण के लिए नि: शुल्क पंजीकरण।
  • ये सभी पंजीकरण उपरोक्त उल्लिखित समय सीमा के भीतर लागू रहेंगे।
  • किसान भाई को ऑफिशियल वेबसाइट भावांतर भरपाई योजना हरियाणा पोर्टल पर जाना होगा. इस पर क्लिक करते ही तुरंत आपके सामने साईट खुल जायेगी.
  • जब साईट पर होम पेज खुल जाता है. तो पेज में राईट साईट में उपस्थित “किसान पंजीयन करे” बटन पर क्लिक करना होता है. जिसके बाद रजिस्ट्रेशन फॉर्म तुरंत आपके सामने खुल जाता है.
  • यहाँ पर फॉर्म में उपस्थित सभी जानकारियों को भरना होता है. किसानों को फार्म भरते वक़्त यह सुनिश्चित कर लेना चाहिये की सभी भरी गयी जानकारी सही हो.

Note- हमारी इस वेबसाइट का उद्देश्य आप तक सरकार द्वारा चलाई जा रही सभी योजनाओ की जानकारी पहुँचाना है।अगर आपको ये जानकारी सही लगे तो दूसरो के साथ भी साँझा कीजिये।कोई त्रुटि हो तो हमे जरूर बताए।

हरियाणा भावांतर भरपाई योजना सम्बंधित कुछ महत्वपूर्ण प्रश्न और उत्तर (FAQ)

भावान्तर भरपाई योजना किस राज्य द्वारा शुरू की गयी योजना है ?

यह योजना हरियाणा राज्य द्वारा शुरू की गयी है। हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री मनोहर लाल खट्टर जी ने इस योजना को शुरू किया है।

भावान्तर भरपाई योजना का क्या उदेश्य है ?

योजना का उदेश्य किसान भाईओ को  उनकी फसल का सही और उचित मूल्य दिलवाना है।

भावान्तर भरपाई योजना के अंतर्गत कितनी फसलों को जोड़ा गया है ?

फिलहाल इस योजना में 10 प्रकार की फसलों को जोड़ा गया है। पहले चरण में ये 4 फसलें हैं- टमाटर, आलू, प्याज और फूलगोभी। अब भावांतर भरपाई योजना में 6 और फसलों गाजर, मटर, किन्नू, अमरूद, शिमला मिर्च और बैंगन को जोड़ा गया है।

भावान्तर भरपाई योजना से किसान भाईओ को क्या लाभ मिलेगा?

किसान भाइयो को उनकी उपर्युक्त फसलों के लिए 48,000 से 56,000 रुपये प्रति एकड़ की निश्चित आय मिलना योजना का लाभ मिलना है।

 

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